उत्तराखण्ड समाचार 08 मार्च 2021

0
65
Uttarakhand Samachar 08 march 2021

प्रकृति के बीच ऐसे मिलेगा सुकून।रानीखेत में जंगल के बीच बना देश का पहला हीलिंग सेंटर।

किसी भी तरह के तनाव से ग्रसित लोगों के लिए सुकून की खबर है। उत्तराखंड के रानीखेत में देश का पहला हीलिंग सेंटर खोला गया है। यह सेंटर उत्तराखंड वन अनुसंधान की तरफ से कालिका रिसर्च सेंटर के पीछे जंगल में बनाया गया है। यह जापानी तकनीक पर आधारित सेंटर है। यहां तमाम तरह के तनाव से जूझ रहे लोग प्रकृति के बीच रहकर तनाव से मुक्ति पा सकते हैं।

रविवार को मुख्य वन संरक्षक संजीव चतुर्वेदी की मौजूदगी में हीलिंग सेंटर का उद्घाटन हुआ। इस दौरान उन्होंने कहा कि आज भी भाग दौड़ की जिंदगी में लोग किसी न किसी तरह के तनाव में रहते हैं। इसका मुख्य उद्देश्य तनावग्रस्त लोगों को तनाव से बाहर निकालना है। लोग जंगल के अंदर जाकर ध्यान लगा सकते हैं। इस सेंटर के लिए पांच हैक्टेयर वन क्षेत्र को विकसित किया गया है। यहां दो ट्री हाउस, जंगल वॉक के लिए पगदंडी विकसित की गई है।

वह प्रकृति के नजदीक बैठकर तनाव मुक्त हो सकते हैं। इस तरह के और सेंटर प्रदेश में अन्य जगहों पर भी विकसित किए जाएंगे। वनों का महत्व मानव जीवन में कहीं अधिक है, यह देश का पहला हीलिंग सेंटर है। इसके दूरगामी परिणाम सामने आएंगे। इस दौरान लोक चेतना मंच के निदेशक, उत्तराखंड वन अनुसंधान के सलाहकार जोगेंद्र बिष्ट भी मौजूद रहे।

 

सांसद अजय भट्ट ने महंगाई पर किया केंद्र सरकार का बचाव, इशारों-इशारों में पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत पर भी साधा निशाना

नैनीताल सांसद अजय भट्ट ने दून में जन औषधि दिवस पर आयोजित एक कार्यक्रम में महंगाई पर केंद्र सरकार का बचाव किया। वहीं इशारों-इशारों में पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत पर भी निशाना साधा।  उन्होंने कहा कि महंगाई को लेकर हाहाकार क्यों है? महंगाई के पीछे कई अंतरराष्ट्रीय कारक होते हैं और ये घटती-बढ़ती रहती है। भïट्ट ने कहा कि कोरोना महामारी के दौरान देश की 80 करोड़ गरीब जनता को मुफ्त राशन की सुविधा दी गई। पर कंधे पर सिलिंडर उठाने वालों ने तब इसकी तारीफ नहीं की।

भट्ट ने आगे कहा कि कई लोग ताली-थाली बजाने पर भी कटाक्ष करते रहे हैं, जबकि यह हमारे कोरोना योद्धाओं का मनोबल बढ़ाने का जरिया बना। इसी का नतीजा था कि भारत में अन्य देशों के मुकाबले काफी कम कोरोना मृत्यु दर रही है। उन्होंने कहा कि भारत आज दुनियाभर को कोविड वैक्सीन सप्लाई कर रहा है। वैक्सीन डिप्लोमेसी में भारत की पूरी दुनिया में वाह-वाही हो रही है। सामरिक दृष्टि से बात करें तो पूर्वी लद्दाख में चीन को पीछे हटना पड़ा है। इस सबका श्रेय बेशक वैज्ञानिकों और सेना को दिया जाना चाहिए। यह मुमकिन तभी हुआ है, जब वैज्ञानिकों की पीठ थपथपाने वाला या सेना को फ्री हैंड देने वाला कोई है, लेकिन कुछ लोग अच्छे की तारीफ करना ही नहीं जानते। उन्हेंं तो बस प्रधानमंत्री मोदी के पीछे पड़े रहना है। अंत में उन्होंने कहा कि जनता सब समझती है और सरकार के साथ खड़ी है।

 

 

उत्तराखंड में कोरोना के 59 नए मामले, सात जिलों में नहीं मिला कोई भी नया संक्रमित

कोरोना के मोर्चे पर रविवार को उत्तराखंड में राहत रही। प्रदेश के छह जिलों में 59 नए मामले आए। जबकि सात जिलों में एक भी नया मामला नहीं है। वहीं दून मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती 61 वर्षीय कोरोना संक्रमित मरीज की मौत भी हुई है।

स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, निजी व सरकारी लैब से कुल 7334 सैंपल की जांच रिपोर्ट प्राप्त हुई, जिनमें 7275 सैंपल की रिपोर्ट निगेटिव आई है। देहरादून में सबसे ज्यादा 23 लोग संक्रमित मिले हैं। वहीं हरिद्वार में 12 व नैनीताल में 11 लोग पॉजिटिव मिले हैं। ऊधमसिंह नगर में नौ, पौड़ी गढ़वाल में तीन व अल्मोड़ा में एक मामला आया है। बागेश्वर, चमोली, चंपावत, पिथौरागढ़, रुद्रप्रयाग, टिहरी गढ़वाल व उत्तरकाशी में कोई नया मामला नहीं आया है। इधर, विभिन्न जनपदों में 22 मरीज स्वस्थ भी हुए हैं। इनमें 20 देहरादून व दो मरीज नैनीताल से हैं।  अभी तक प्रदेश में 97422 लोग संक्रमित हुए हैं। जिनमें 93689 स्वस्थ हो चुके हैं। फिलवक्त 632 एक्टिव केस हैं। 1406 मरीज राज्य से बाहर चले गए हैं। अब तक कोरोना संक्रमित 1695 मरीजों की मौत भी हो चुकी है।

कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए प्रदेश में टीकाकरण अभियान जारी है। अलग-अलग जनपदों में टीकाकरण के लिए बनाए गए बीते शनिवार तक 169 केंद्रों में 16768 लोग को टीका लगाया गया। इनमें 10,371 हेल्थ केयर वर्कर्स व 1711 फ्रंटलाइन वर्कर्स के अलावा 4443 लोग साठ साल से अधिक उम्र के और 243 लोग 45 से 59 साल उम्र के हैं। अब तक राज्य में 54,071 लोग को पहली व दूसरी डोज दी जा चुकी है। 76,175 फ्रंटलाइन वर्कर्स को वैक्सीन की पहली डोज लग चुकी है। साठ साल से अधिक उम्र के 22,943 लोग को भी वैक्सीन की पहली डोज लग चुकी है।

 

‘कम बातें -ज्यादा काम ’ थीम पर उत्तराखंड सरकार के चार साल का जश्न, मैदान की तुलना में पर्वतीय जिलों को ज्यादा बजट

उत्तराखंड सरकार के चार साल जश्न कार्यक्रम की तैयारियां तेजी से आगे बढ़ रही है। सूचना महानिदेशक कार्यालय से सभी जिलाधिकारी कार्यालयों को बजट जारी किया गया। पर्वतीय क्षेत्रों में प्रति विधानसभा 21 लाख और मैदानी क्षेत्रों में 15 लाख रुपये जारी किए गए। राज्य में 40 विधानसभा पर्वतीय क्षेत्रों में हैं। 30 विधानसभा मैदानी क्षेत्रों में हैं। आयोजन में प्रति विधानसभा टेंट, फर्नीचर, बिजली, साउंड, परिवहन व्यवस्था, प्रति कार्यक्रम 3000 व्यक्तियों के जलपान के लिए बजट उपलब्ध कराया गया है। पारंपरिक वाद्य यंत्रों के प्रदर्शन के साथ रैली में सम्मिलित कलाकारों के परिवहन, मानदेय, भोजन का व्यय, स्थानीय स्तर पर प्रचार प्रसार का व्यय समेत अन्य खर्चे शामिल किए गए हैं।

बता दें कि उत्तराखंड में भाजपा सरकार के चार साल के कार्यकाल के जश्न की तैयारी तेज हो गई है। सीएम कार्यालय से जारी आदेश के तहत स्थानीय विधायक कोआयोजन समिति का अध्यक्ष बनाया गया है। मेयर, जिला पंचायत अध्यक्ष और दायित्वधारी उपाध्यक्ष होंगे। 18 मार्च के कार्यक्रम की थीम ‘बातें कम-काम ज्यादा’ रखी है। सीएम दफ्तर से अपर सचिव-सीएम डॉ. मेहरबान सिंह बिष्ट की ओर से इस बारे में विधिवत आदेश जारी किए गए। हर विधायक अपने विधानसभा क्षेत्र में जिम्मा संभालेंगे। सभी को 11 मार्च से ही जिम्मा संभालने को कहा गया है।

मुख्य कार्यक्रम डोईवाला विधानसभा में होगा। यहां से सीएम त्रिवेंद्र रावत सभी विधानसभा क्षेत्रों में होने वाले कार्यक्रमों को ऑनलाइन तरीके से संबोधित करेंगे। इस दौरान कई विधानसभाओं में सांसद मुख्य अतिथि की भूमिका में रहेंगे। सभी दायित्वधारियों को भी इन आयोजनों की जिम्मेदारी दी गई है। निगम क्षेत्र में मेयर, पालिका क्षेत्र में पालिकाध्यक्ष, पंचायतों में जिला पंचायत अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष आयोजन समिति के उपाध्यक्ष रहेंगे।

सरकार ने कांग्रेस समेत अन्य विपक्षी विधायकों को विधानसभावार बनाई गई समितियों में शामिल किया है। उन्हें भी आयोजन समिति अध्यक्ष बनाया गया है। जबकि, आमतौर पर ऐसा देखने को नहीं मिलता।

आयोजन समिति के समन्वयक की भूमिका में सीएम की टीम रहेगी। इस समिति में ओएसडी, मीडिया सलाहकार, कोऑर्डिनेटर, प्रोटोकॉल अफसर और जनसंपर्क अधिकारी तक शामिल हैं। ओएसडी धीरेंद्र पंवार दून, पीआरओ शैलेंद्र त्यागी हरिद्वार, वित्त सलाहकार आलोक भट्ट पौड़ी, मीडिया सलाहकार रमेश भट्ट टिहरी, औद्योगिक सलाहकार केएस पंवार रुद्रप्रयाग, प्रोटोकॉल अफसर आनंद रावत उत्तरकाशी, आईटी सलाहकार रविंद्र पेटवाल चमोली, ओएसडी अभय रावत यूएसनगर, ऊर्बादत्त भट्ट नैनीताल, विनीत बिष्ट अल्मोड़ा, पीआरओ विजय बिष्ट बागेश्वर, मीडिया को-र्डिनेटर
दर्शन सिंह रावत चंपावत एवं ओएसडी जगदीश चंद्र खुल्बे को पिथौरागढ़ की जिम्मेदारी दी गई है।

 

पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज बोले, कोरोना काल में योग महोत्सव ने दिया सार्थक संदेश

उत्तराखंड के पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने कोरोना संकट के बीच अंतरराष्ट्रीय योग महोत्सव के आयोजन को सार्थक बताया। गढ़वाल मंडल विकास निगम के अतिथि गृह गंगा रिजॉर्ट में पत्रकारों के साथ बातचीत में पर्यटन मंत्री ने कहा कि एक वर्ष होने को है विश्व के कई देश कोरोनावायरस संक्रमण से लड़ रहे हैं। भारत देश ने मजबूती से इस वैश्विक महामारी का सामना किया है। भारत ही नहीं कई देश को हम स्वदेशी वैक्सीन देने में सफल रहे। केंद्र सरकार ने इस दिशा में अभूतपूर्व कदम उठाए हैं। सतपाल महाराज ने कहा कि योग महोत्सव का आयोजन पर्यटन विभाग और गढ़वाल मंडल विकास निगम ने ऑफलाइन किया। गाइडलाइन का पूरा पालन किया गया। संख्या भी सीमित रखी गई।

सात दिन में विभिन्न प्रदेशों से आए योगाचार्य और साधकों ने इस आयोजन की सार्थकता को बढ़ाने का काम किया है।उन्होंने कहा कि वैश्विक महामारी कोरोना से लड़ने के लिए योग एक महत्वपूर्ण साधन और उपचार बनकर सामने आया है। विशेष रुप से कोरोना के खिलाफ मनुष्य के भीतर इम्यूनिटी सिस्टम को मजबूत करना होता है। जोकि योग और आयुर्वेद से संभव हो पाया है। उन्होंने कहा कि मैं और मेरा परिवार स्वयं संक्रमित हुए थे। हमने संयम के साथ योग का भी सहारा लिया और हम इस बीमारी से जीतने में सफल रहे हैं।

 

हरियाणा स्वास्थ्य विभाग की टीम का रुड़की के नर्सिंग होम में छापा, चिकित्सक समेत तीन गिरफ्तार

हरियाणा भिवानी के स्वास्थ्य विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने रुड़की के एक अल्ट्रासाउंड सेंटर पर छापा मारा। यहां अल्ट्रासाउंड मशीन से गर्भस्थ शिशु के ङ्क्षलग की जांच कर रहे चिकित्सक को गिरफ्तार किया गया। टीम ने हरियाणा और मंगलौर के दो दलालों को भी गिरफ्तार किया है। चिकित्सक और दोनों दलाल को टीम अपने साथ हरियाणा ले गई है।  चिकित्सक को चार साल पहले भी भ्रूण की लिंग जांच के आरोप में पकड़ा जा चुका है।

रुड़की गंगनहर कोतवाली के अंतर्गत आवास विकास में डॉॅ. एनडी अरोड़ा के नर्सिंग होम में अवैध रूप से अल्ट्रासाउंड सेंटर संचालित किया जा रहा है। रविवार दोपहर को हरियाणा के भिवानी स्वास्थ्य विभाग की प्री-नेटल डायग्नोस्टिक टेक्निक (पीएनडीटी) की टीम ने छापा मारा। छापे के दौरान टीम ने डॉ. एनडी अरोड़ा को एक गर्भवती महिला के गर्भस्थ शिशु के ङ्क्षलग की जांच करते हुए गिरफ्तार किया गया। टीम ने हरियाणा के झज्जर निवासी यशपाल एवं रुड़की के मंगलौर निवासी संजय वालिया को भी गिरफ्तार किया। इनके पास से गर्भस्थ शिशु के ङ्क्षलग जांच के लिए दिए गए 35 हजार रुपये भी बरामद किए गए। टीम की नोडल अधिकारी एवं एसीएमओ भिवानी डॉ. संगीता ने बताया कि लंबे समय से शिकायत मिल रही थी कि रुड़की के एक निजी अस्पताल में गर्भस्थ शिशु के ङ्क्षलग की जांच की जाती है। जिसके चलते उन्होंने इसके लिए टीम का गठन किया।  एक गर्भवती महिला को भी इसमें शामिल किया गया। गर्भवती महिला के पति ने झज्जर निवासी दलाल यशपाल से संपर्क किया। अल्ट्रासाउंड के नाम पर 35 हजार रुपये की मांग की गई। रुड़की में अल्ट्रासाउंड के लिए रविवार का दिन तय हुआ। गर्भवती दलाल के साथ आवास विकास स्थित डॉ. एनडी अरोड़ा के नर्सिंगहोम पर पहुंची। महिला का जैसे ही अल्ट्रासाउंड हुआ वैसे ही टीम ने छापा मार दिया। टीम के साथ शामिल भिवानी थाने की पुलिस ने दोनों दलालों समेत चिकित्सक को रंगे हाथ पकड़ लिया। उन्होंने बताया कि डॉ. एनडी अरोड़ा के पास से दस हजार, संजय के पास से 14 हजार और यशपाल के पास से 11 हजार रुपये बरामद हुए हैं। टीम ने अल्ट्रासाउंड मशीन को सीज कर लिया है।मामले में नियमानुसार मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जाएगी। चिकित्सक समेत तीनों आरोपितों को हरियाणा ले गए हैं। इसके साथ ही बताते चलें कि आरोपित चिकित्सक डॉ. एनडी अरोड़ा वर्तमान में मंगलौर सीएचसी में संविदा चिकित्सक के रूप में भी तैनात हैं। टीम में एसीएमओ डॉ. राजेश कुमार, डॉ. विनोद पंवार, डॉॅ. सुनील, डॉ. अरुण, डॉॅ. प्रीती, डॉॅ. आशीष एवं डॉ. अशोक के अलावा थाना भिवानी के एएसआइ सत्यवान आदि मौजूद रहे।

 

वेडिंग प्वाइंट की निर्माणधीन छत गिरी, बिहार के आठ श्रमिक घायल; मालिक व ठेकेदार के खिलाफ मुकदमा

मोहब्बेवाला में निर्माणाधीन वेडिंग प्वाइंट की छत गिरने से आठ श्रमिक घायल हो गए। घायलों को अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती करवाया गया है, जहां सबकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है।  पटेलनगर कोतवाली के प्रभारी प्रदीप राणा ने बताया कि दोपहर करीब दो बजे कंट्रोल रूम से सूचना मिली थी कि मोहब्बेवाला में निर्माणाधीन भवन की शटरिंग गिर गई है, जिसके कारण कुछ श्रमिक दब गए हैं।

सूचना पर चौकी प्रभारी आइएसबीटी मौके पर पहुंचे। जांच में सामने आया कि यहां पर वेडिंग प्वाइंट का निर्माण किया जा रहा था। श्रमिक पोर्च पर लेंटर का काम कर रहे थे, अचानक शटरिंग गिर गई। स्थानीय व्यक्तियों की मदद से शटङ्क्षरग के नीचे दबे श्रमिकों को बाहर निकाला गया। इस दौरान तीन श्रमिकों को निजी वाहन से अस्पताल भेजा गया, जबकि पांच श्रमिकों को दून अस्पताल पहुंचाया। कोतवाली प्रभारी ने बताया कि जांच में यह भी सामने आया है कि विनोद अग्रवाल के वेडिंग प्वाइंट का निर्माण चल रहा है, जबकि निर्माण कार्य का ठेकेदार चंद्रपाल गोदारा है। वेडिंग प्वाइंट मालिक व ठेकेदार की ओर से सैटरिंग करने में घोर लापरवाही बरती गई है। गुणवता पर भी ध्यान देने के कारण यह हादसा हुआ है। निर्माण में लापरवाही बरतने पर वेडिंग प्वाइंट मालिक व ठेकेदार के खिलाफ  मुकदमा दर्ज कर दिया गया है। राम विश्वास निवासी ग्राम हनुमान नगर जिला सीतामढ़ी बिहार। अरविंद निवासी ग्राम खुदवाड़ा जिला सीतामढ़ी बिहार। लड्डू साहनी निवासी ग्राम गोगरा जिला समस्तीपुर बिहार। शत्रुघ्न साहनी निवासी सेहरा जिला सीतामढ़ी बिहार। अशोक निवासी ग्राम हनुमान नगर जिला सीतामढ़ी बिहार। दीपक निवासी ग्राम हनुमान नगर जिला सीतामढ़ी बिहार। शंकर मांझी निवासी सीतामढ़ी बिहार के अलावा एक अज्ञात।

 

अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस को लेकर सामाजिक संगठनों ने महिलाओं को किया सम्‍मानित

अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस को लेकर सामाजिक संगठनों ने विभिन्‍न क्षेत्रों में उल्‍लेखनीय कार्य करने वाली महिलाओं को सम्‍मानित किया। रविवार को मानवाधिकार एवं सामाजिक न्याय संगठन की ओर से अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त वेल्हम गर्ल्स स्कूल की उप प्रधानाचार्य गीता शर्मा को उनके द्वारा शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे उत्कृष्ट कार्य के लिए उच्च स्तरीय योगदान देने के लिए सम्मानित किया । इस दौरान गीता शर्मा ने कहा कि इस तरह के सम्‍मान मिलने से उत्‍साह बढ़ता है।

संगठन के चेयरमैन सचिन जैन ने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में गीता शर्माके सहयोग से हम छात्र छात्राओं को सहयोग कर उन्‍हें आगे बढ़ाने में मददगार साबित होंगे। इस मौके पर संगठन की प्रदेश अध्यक्ष मधु जैन, जितेंद्र डंडोना, कुसुम डंडोना, राजकुमार तिवारी आदि मौजूद रहे। वहीं गुरु रोड स्थित मनभावन पैलेस में शैल शिखर सामाजिक संस्था की ओर से विभिन्न क्षेत्रों में समाजिक कार्यो में योगदान देने वाली मातृ शक्ति को सम्‍मानित किया। मुख्य अतिथि लालचन्द शर्मा ने सम्मान पत्र, प्रतीक चिन्ह,अंगवस्त्र, उपहार देकर सम्मानित किय। दिव्‍यांग, कौशल्या के अलावा सब्‍जी बेचने वाली बबली को सम्‍मानित किया। इसके अलावा रुचि शर्मा,अमृता कौशल,लाजवंती देवी,कोमल वोहरा,सुमित्रा ध्यानी,देवकी बिष्ट,संगीता गुप्ता,संतोष सैनी, मीना रावत,कुमकुम पुंडीर,शीला धीमान,लक्ष्मी रजवार,रीटा रानी,देविका बिष्ट,अर्चना कपूर,प्रवेश त्यागी,मीना बिष्ट,सविता सोनकर,सुषमा अग्रवाल,हंसा अग्रवाल,प्रियंका अग्रवाल को सामाजिक कार्यो में योगदान के लिए सम्मानित किया गया।

 

उत्तराखंड: बदरीनाथ और हेमकुंड साहिब समेत ऊंची चोटियों पर बर्फबारी, दिखा जन्नत सा नजारा

उत्तराखंड में रविवार शाम को मौसम ने करवट बदली। चमोली जिले में रविवार सुबह अचानक मौसम बदला और बारिश शुरू हो गई। इसके साथ ही बदरीनाथ धाम, हेमकुंड साहिब, फूलों की घाटी, रुद्रनाथ, नंदा घुंघटी, लाल माटी सहित नीती और माणा घाटियों में बर्फबारी हुई, जिससे मौसम में ठंडक आ गई है। वहीं केदारनाथ में बादल छाए रहे लेकिन बर्फबारी नहीं हुई।

पहाड़ी इलाकों में रविवार सुबह लगभग पांच बजे बारिश शुरू हुई जो सुबह नौ बजे तक होती रही। दोपहर करीब दो बजे फिर मौसम बदला और ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी शुरू हो गई। पूरे दिन मौसम की आंख मिचौली चलती रही। मार्च महीने में ही गर्मी शुरू हो थी, लेकिन रविवार को हुई बारिश से फिर से ठंड होने लगी है।

वहीं गोपेश्वर, चमोली और आसपास के इलाकों में भी बारिश हुई। वहीं केदारनाथ में दिनभर मौसम बदलता रहा लेकिन बारिश और बर्फबारी नहीं हुई। मौसम की बेरुखी से फसलें चौपट हो चुकी हैं। साथ ही जंगलों में वनाग्नि की घटनाएं दिनोंदिन बढ़ रही हैं। वहीं, पेयजल स्रोतों पर पानी का स्राव कम होने से संकट बढ़ रहा है।

 

पूर्व सीएम हरीश रावत ने लगवाया कोविड-19 का टीका, लोगों से की ये अपील

कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव व राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने रविवार को दून में कोविड वैक्सीन लगवाई। उनके साथ उनकी पत्नी रेणुका रावत भी अस्पताल पहुंची थीं। पूर्व मुख्यमंत्री ने आम जन से भी वैक्सीन लगवाने की अपील की है।

उत्तराखंड समेत देशभर में इन दिनों कोरोना से बचाव के लिए टीकाकरण अभियान चल रहा है। तीसरे चरण के तहत 60 साल से अधिक उम्र के व्यक्तियों को भी वैक्सीन लगाई जा रही है। इसी कड़ी में पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत और उनकी पत्नी रेणुका रावत ने भी वैक्सीन लगवाई। उन्हें दून स्थित आरोग्यधाम अस्पताल में टीका लगाया गया। जहां उन्होंने चिकित्सकों व नॄसग स्टाफ का शुक्रिया अदा किया।पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि वह उन वैज्ञानियों का धन्यवाद देना चाहते हैं जिन्होंने वैक्सीन का निर्माण किया है। इस दौरान आरोग्यधाम अस्पताल के निदेशक डॉ. विपुल कंडवाल आदि उपस्थित रहे।

 

गैरसैंण कमिश्नरी का नहीं बल्कि सांस्‍कृतिक पहचान रखने वाले अल्मोड़ा को शामिल करने का विरोध : कुंजवाल

गैरसैंण कमिश्नरी को लेकर सियासी बयानबाजी तेज है । इधर पूर्व विधानसभा अध्यक्ष एवं जागेश्वर विधायक गोविंद सिंह कुंजवाल ने भी सीएम के फैसले पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा, ऐतिहासिक अल्मोड़ा कुमाऊं का हृदयस्थल है। प्राचीनकाल से ही यह कला एवं संस्कृति के साथ प्रशासनिक गढ़ भी रहा है। मगर मुख्यमंत्री इसका महत्व समझने में चूक कर गए। कुंजवाल ने कहा कि हम गैरसैंण कमिश्नरी का नहीं बल्कि अपनी अलग पहचान रखने वाले अल्मोड़ा को उसमें शामिल करने के खिलाफ है। सांस्कृतिक नगरी का वजूद बचाने के लिए आरपार की लड़ाई जड़ी जाएगी।नगर पहुंचे वरिष्ठ कांग्रेसी एवं विधायक कुंजवाल रविवार को पत्रकारों से रूबरू हुए। कहा कि गैरसैंण कमिश्नरी में अल्मोड़ा को मिलाने का उन्होंने सदन में ही विरोध किया था। सीएम होने के नाते कोई भी घोषणा की जा सकती है। मगर जनभावनाओं के उलट बगैर राय मशविरा किए फैसला लेना दुर्भाग्यपूर्ण है। कुंजवाल ने कहा कि कत्यूरकाल में अल्मोड़ा मुख्य केंद्र रहा। चंदराजवंश की यह राजधानी रही। ब्रितानी दौर में कुमाऊं कमिश्नरी रही। मगर अल्मोड़ा की ऐतिहासिक पहचान मिटाई जा रही। इसे बर्दास्त नहीं करेंगे।नगर पहुंचे वरिष्ठ कांग्रेसी एवं विधायक कुंजवाल रविवार को पत्रकारों से रूबरू हुए। कहा कि गैरसैंण कमिश्नरी में अल्मोड़ा को मिलाने का उन्होंने सदन में ही विरोध किया था। सीएम होने के नाते कोई भी घोषणा की जा सकती है। मगर जनभावनाओं के उलट बगैर राय मशविरा किए फैसला लेना दुर्भाग्यपूर्ण है। कुंजवाल ने कहा कि कत्यूरकाल में अल्मोड़ा मुख्य केंद्र रहा। चंदराजवंश की यह राजधानी रही। ब्रितानी दौर में कुमाऊं कमिश्नरी रही। मगर अल्मोड़ा की ऐतिहासिक पहचान मिटाई जा रही। इसे बर्दास्त नहीं करेंगे।कुंजवाल ने कहा, राज्य में बेरोजगार बेहाल है। खेती किसानी चौपट हो रही है। राज्य सरकार के पास पलायन रोकने को स्पष्टï व ठोस नीति नहीं है। उन्होंने कहा कि कर्मकार बोर्ड में 400 करोड़ व पशुपालन विभाग में 300 करोड़ रुपये का घोटाला बता रहा है कि राज्य में भ्रष्टïाचार की जड़ें कितनी मजबूत हुई हैं। कुंजवाल ने कहा कि भाजपा के ही केंद्रीय मंत्री डा. रमेश पोखरियाल निशंक कुंभ के कार्यों में गड़बड़ी पर सवाल उठा चुके हैं।

वरिष्ठ नेता कुंजवाल ने व्यथा सुनाई कि सदन में भ्रष्टाचार पर सवाल उठाते ही सत्तापक्ष के लोग विपक्षियों को बोलने तक नहीं देते। जीरो टॉलरेंस पर घेरते हैं तो कहा जाता है कि जवाब नहीं है।उत्तराखंड विधि आयोग के पूर्व उपाध्यक्ष दिनेश तिवारी ने गैरसैंण कमिश्नरी को औचित्यहीन करार दिया। दो टूक कहा कि कुमाऊं की सांस्कृतिक, ऐतिहासिक व राजनीतिक पहचान के साथ छेड़छाड़ बर्दाश्त नहीं करेंगे। आरोप लगाया कि सीएम के साथ सीधे संपर्क के कारण प्रशासन की सभी शक्तियां डीएम के पास निहित हैं। बेहतर होता कि सीएम नए जिले बनाते। राजनीतिक लाभ के लिए गैरसैंण को मोहरा बना दिया गया है। तंज कसा कि ग्रीष्मकालीन राजधानी की आड़ में सैर सपाटे का दौर चल पड़ा है।

चूका खनन क्षेत्र में कीमती पेड़ों को हो रहा है नुकसान

टनकपुर-जौलजीबी मार्ग के चूका क्षेत्र से रिवर ट्रेनिंग के तहत हो रहे खनन से कई बेशकीमती पेड़ों को नुकसान हो रहा है। इस संबंध में वन विभाग ने चुप्पी साधी है।

रिवर ट्रेनिंग के तहत इन दिनों चूका क्षेत्र में तेजी से खनन कार्य हो रहा है। आरोप है कि खनन कार्य में ठेकेदारों द्वारा मानकों को ताक पर रखकर काफी गहरी खुदाई की जा रही है। खनन में आधा दर्जन से अधिक पोकलेन मशीनों का प्रयोग किया जा रहा है। खनन के चलते एक दर्जन से अधिक कीमती पेड़ धराशायी हो गए हैं, जबकि अभी भी कई पेड़ इसकी जद में आ चुके हैं। वनाधिकारी गुलजार हुसैन ने बताया कि चूका में हो रहे खनन के दौरान गिरे पेड़ों का मौका मुआयना किया जाएगा। यदि पेड़ों को नुकसान पहुंचाया गया है तो ठेकेदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। बताया जा रहा है कि पकड़ में आने से बचने के लिए अधिकारियों के आने की सूचना के बाद खनन कार्य बंद कर दिया जाता है। खनन के दौरान वाहनों में ओवरलोड खनन सामग्री भी लाई जा रही है। आरोप तो यह भी है कि अवैध ई-रवन्ने की आड़ में खनन सामग्री भारी मात्रा में बाहर को भेजी जा रही है। जिससे लाखों रुपये के राजस्व का नुकसान हो रहा है।

 

 

उत्तराखंड पुलिस में 167 एसआई और 2 हजार कांस्टेबल की जल्द भर्ती, चीन और नेपाल सीमा पर खुलेंगी चौकी

उत्तराखण्ड पुलिस में जल्द एसआई और पुलिस कांस्टेबल की भर्ती प्रक्रिया शुरू होगी। पुलिस महानिदेशक ने रविवार को यह जानकारी दी। रविवार को यहां पुलिस लाइन के निरीक्षण के बाद पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार ने पत्रकार वार्ता की। इस दौरान उन्होंने कहा कि वे प्रदेश के सभी जिलों में जाकर जन संवाद कर रहे हैं। कहा कि इस तरह के कार्यक्रम से पुलिस व्यवस्था को जनहित में और बेहतर करने में मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश में मार्च में एसआई के 167 पदों के लिए भर्ती प्रक्रिया शुरू होगी। कहा कि 2 हजार पदों पर पुलिस कांस्टेबल की भर्ती के लिए मई से भर्ती प्रक्रिया शुरू की जाएगी। पुलिस महानिदेशक ने कहा कि चीन व नेपाल सीमा से लगे क्षेत्रों में सीएम ने 11 पुलिस चौकी खोलने की मंजूरी दी है। इस पर जल्द काम शुरू होगा। उन्होंने कहा पुलिस सड़क, महिला सुरक्षा व अवैध शराब के खिलाफ अपना अभियान और तेज करेगी।पुलिस महानिदेशक ने कहा कि पुलिस कर्मियों के लिए जवाबदेही तय है। बेहतर काम करने वाले पुलिस कर्मी सम्मानित और लापरवाह को दंडित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि आमजन के साथ प्रिय व अपराधियों के लिए पुलिस की छवि भय की होनी चाहिए। एसडीआरएफ की 31 यूनिट को आपदा की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण जगहों में तैनात किया गया है। उन्होंने कहा इससे आपदा के समय राहत कार्य आसान होंगे। आगे इसे और बेहतर किया जाएगा।

 

अल्मोड़ा मेडिकल कालेज में इसी वर्ष से शुरू होगी मेडिकल की पढ़ाई

उत्तराखंड में कुमाऊं क्षेत्र के अल्मोड़ा जिले के प्रस्तावित मेडिकल कॉलेज में इसी वर्ष से मेडिकल की कक्षाएं संचालित होंगी। शासन ने मेडिकल कॉलेज के निमार्ण में तेजी लाने के निर्देश भी दिए।

अल्मोड़ा दौरे पर आए स्वास्थ्य सचिव अमित नेगी ने रविवार को यह बात कही। उन्होंने कहा कि प्रस्तावित कॉलेज को लेकर सरकार काफी संजीदा है और सरकार की मंशा है कि इसी वर्ष से कॉलेज में मेडिकल की कक्षाएं संचालित हो सकें और जनता को इसका लाभ मिल सके।

उन्होंने आज कॉलेज का निरीक्षण भी किया और कार्यदाई संस्थाओं को काम में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने साफ-साफ कहा कि निर्माण कार्य काफी सुस्त गति से चल रहा है और अभी भी काफी काम अधूरा है। उन्होंने कार्यदायी संस्थाओं को निर्देश दिए कि निश्चित अवधि के अंदर काम पूरा करें।

उन्होंने कहा कि मेडिकल कॉलेज को लेकर सरकार की गंभीरता इसी बात से लगाई जा सकती है कि सरकार मेडिकल कॉलेज से जुड़ी अन्य सभी औपरचारिकताओं को भी जल्द पूरा करना चाहती और उसका प्रयास है कि भारतीय चिकित्सा परिषद (एमसीआई) की टीम के पहले ही दौरे में ही कॉलेज के संचालन (एलओपी) को हरी झंडी मिल जाए।

 

ओलंपिक के लिए तीरंदाजों को मिलेगी मनोविज्ञानी, वीडियो एनालिस्ट की सुविधा

देश में वर्ष 2024 और 2028 के ओलंपिक के लिए तीरंदाजों को अभी से तैयार किया जाएगा। हुनर में निखार लाने और लगातार अच्छे प्रदर्शन के लिए खिलाडिय़ों को तकनीकी व मानसिक रूप से मजबूत बनाया जाएगा। इसके लिए उन्हें देश में ही मनोविज्ञानी, फिजियोथेरेपिस्ट, वीडियो एनालिस्ट आदि की सुविधा दी जाएगी। यह निर्णय भारतीय तीरंदाजी संघ की वार्षिक आम सभा में लिया गया।

आम सभा भारतीय तीरंदाजी संघ के अध्यक्ष एवं केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा की अध्यक्षता में रविवार को देहरादून के एक होटल में हुई। संघ के महासचिव प्रमोद चेडूलकर ने बताया कि आम सभा में सोनीपत, औरंगाबाद, इम्फाल, गुवाहाटी के स्पोट्र्स सेंटर में तीरंदाजों को ओलंपिक के लिए तैयार करने पर गहरी चर्चा हुई। निर्णय लिया गया कि खिलाडिय़ों को मजबूत बनाने के लिए साइंटिफिक स्टाफ को बढ़ावा देने की जरूरत है। इसके तहत मनोविज्ञानी, फिजियोथेरेपिस्ट, वीडियो एनालिस्ट आदि की सुविधा देने के साथ ही तीरंदाजों की प्रतिभा को निखारने के लिए संघ अब साइंटिफिक तरीकों की मदद लेगा। इसके लिए सोनीपत (हरियाणा) के स्पोट्र्स सेंटर में विश्वस्तरीय स्पोट्र्स साइंस लैब स्थापित की जाएगी। यह दुनिया की बेहतरीन स्पोट्र्स लैब में से एक होगी। जहां खिलाडिय़ों की क्षमता को पहचानने और उन्हें विकसित करने की दिशा में काम किया जाएगा। आम सभा में संघ के उपाध्यक्ष कैलाश मोराकरा, डीके विद्यार्थी, रूपेश कर, संयुक्त सचिव डॉ. केवी गुरुंग, लद्दाख संघ के अध्यक्ष एवं लद्दाख सांसद जमयांग सेरिंगग नामग्याल समेत 24 राज्यों के 45 पदाधिकारी मौजूद रहे।भारतीय तीरंदाजी संघ की आम सभा में देश के सुदूरवर्ती क्षेत्रों में नई प्रतिभाओं को तलाशने और तराशने पर भी चर्चा हुई। बताया गया कि इसके लिए सुदूरवर्ती क्षेत्रों में टैलेंट हंट प्रोग्राम शुरू करने की योजना बनाई जा रही है। जल्द ही इसे धरातल पर उतारा जाएगा। संघ के महासचिव चोडूलकर ने बताया कि 2021 ओलंपिक के लिए टीम की चयन प्रक्रिया पुणे में चल रही है।

 

भाजपा में सियासी हलचल से कांग्रेस उत्साहित

 त्रिवेंद्र सिंह रावत सरकार के चार साल पूरे होने से पहले ही भाजपा के भीतर सियासी हलचल ने कांग्रेस के भीतर नया उत्साह भर दिया है। सत्तारूढ़ दल को मिले प्रचंड बहुमत के सामने अब तक खुद को लाचार पाने वाली कांग्रेस को इस घटनाक्रम से भाजपाई किले की मजबूत दीवारें हिलती नजर आने लगी हैं। पूरे मामले में नजदीकी नजर रख रही प्रमुख विपक्षी पार्टी अब सरकार और भाजपा पर हमले तेज करने जा रही है।

प्रदेश में अगले वर्ष होने वाले विधानसभा चुनाव की तैयारी में पूरी ताकत से जुटी कांग्रेस भाजपा सरकार के चार साला जश्न की तैयारियों से अचकचाई हुई है। विधानसभा क्षेत्रवार सरकार की उपलब्धियों से जनता को रूबरू कराने के लिए 18 मार्च को सरकार की ओर से कार्यक्रम तय किए गए हैं। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने नया दांव खेलते हुए कांग्रेस के विधानसभा क्षेत्रों में होने वाले कार्यक्रमों की आयोजन समिति का जिम्मा संबंधित विधायकों को ही सौंपा हुआ है। सरकार के चार साल के कार्यों के जयघोष का विरोध करने के लिए कांग्रेस मोर्चा खोल चुकी है। 18 मार्च को सरकार के खिलाफ आरोपों की चार्जशीट जारी करने की तैयारी है। साथ में 14 मार्च को महंगाई को मुद्दा बनाकर कांग्रेस श्रीनगर में बड़ी रैली करने जा रही है। यही नहीं विपक्षी विधायकों को सरकारी कार्यक्रमों की आयोजन समिति में शामिल करने की मुख्यमंत्री पहल की सियासी काट तलाश रही कांग्रेस को बैठे-बिठाए भाजपा सरकार के खिलाफ तीखे हमले बोलने का मौका मिल गया है।कांग्रेस अब सरकार के चार साल के जश्न को फीका करने पर जोर दे रही है, ताकि इसके माध्यम से जनता को पार्टी के पक्ष में लामबंद किया जा सके। पार्टी के रणनीतिकारों का मानना है कि भाजपा में अंदरूनी असंतोष जितना मुखर होगा, कांग्रेस को उतना ही फायदा मिलेगा। आने वाले दिनों भाजपा के अंतर्कलह की दरारों को और गहरा करने की रणनीति दिखाई दे सकती है। पूर्व मुख्यमंत्री व कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव हरीश रावत और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रीतम सिंह ने रविवार को जिस अंदाज में सरकार और सत्तारूढ़ दल पर हमले बोले, उससे पार्टी के आक्रामक रुख जाहिर हो रहा है।पूर्व मुख्यमंत्री एवं कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव हरीश रावत ने भाजपा के घटनाक्रम पर रविवार को भी चुटकी ली। इंटरनेट मीडिया पर अपनी पोस्ट में उन्होंने कहा कि भाजपा में सत्ता की खुली लड़ाई चिंताजनक स्थिति बयां कर रही है। कुछ उजाड्यू (दूसरे के खेत में घुसकर फसल खाने वाला) बल्द (बैल) जिन्हें भाजपा पैसा रूपी घास दिखाकर हमारे घर से चुराकर ले गई थी, उसका आनंद अब भाजपा को भी आ रहा है। उनमें कुछ बल्द मारखोली (मार करने वाला) भी हैं। भाजपा ने जो बोया उसको काटना पड़ेगा और लंबे समय तक काटना पड़ेगा। 2017 में तो केवल उन्हें ही काटना पड़ा, लेकिन आगे उत्तराखंड को भी काटना पड़ेगा।

 

शाही स्नान के दिन हरकी पैड़ी पर संतों की नहीं होगी रैपिड जांच

11 मार्च को महाशिवरात्रि के शाही स्नान के दिन हरकी पैड़ी पर संतों की थर्मल स्क्रीनिंग और रैंडम एंटीजन कोविड जांच नहीं की जाएगी। मालवीय घाट पर एक केवल मेडिकल टीम तैनात रहेगी। हालांकि मेला क्षेत्र और बॉर्डर पर श्रद्धालुओं की रैंडम जांच के लिए 50 टीमें तैनात रहेंगी।

स्नान पर्वों के दौरान हरकी पैड़ी और मालवीय घाट पर श्रद्धालुओं की थर्मल स्क्रीनिंग और रैंडम कोविड जांच के लिए बूथ बनाए जाते हैं। महाशिवरात्रि के शाही स्नान के दिन हरकी पैड़ी पर जांच बूथ नहीं लगाए जाएंगे। स्वास्थ्य विभाग ने थर्मल स्क्रीनिंग के लिए 100 टीमें बनाई हैं। वहीं कोविड जांच के लिए भी इस बार टीमों की संख्या 40 से बढ़ाकर 50 की गई है। वहीं एंबुलेंस की संख्या को बढ़ाकर 32 से 54 किया जाएगा।

इसके अलावा मेला क्षेत्र में 50 मेडिकल टीम भी तैनात की जाएंगी। सीएमओ डॉ. एसके झा ने बताया राज्यसीमा और मेला क्षेत्र में श्रद्धालुओं की रैंडम एंटीजन कोविड जांच की जाएगी। उन्होंने बताया कि यदि श्रद्धालु कोविड पॉजिटिव पाया जाता है तो उसको आईसोलेट किया जाएगा। जिसके बाद उसकी आरटीपीसीआर जांच होगी। स्वास्थ्य विभाग एंटीजन जांच के लिए मोबाइल वैन संचालन पर भी विचार कर रहा है।

सात दिवसीय अंतरराष्ट्रीय योग महोत्सव का समापन, राज्यपाल ने भी शिरकत

गढ़वाल मंडल विकास निगम लिमिटेड व पर्यटन विभाग के संयुक्त तत्वावधान में एक से सात मार्च तक आयोजित अंतरराष्ट्रीय योग महोत्सव का प्रदेश के राज्यपाल बेबी रानी मौर्य ने समापन किया। कार्यक्रम में राज्यपाल ने कहा कि योग का मतलब जोड़ना है। योग पूरे विश्व को भारत की ओर से दिया गया अमूल्य उपहार है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने योग को पूरे विश्व में एक नई पहचान दी है। युवाओं को योग को आत्मसात करना चाहिए। तभी हम विकसित भारत का निर्माण कर सकते हैं। योग एक साधना ही नहीं, बल्कि एक संस्कृति है, जो कि ऋषि मुनियों ने कठिन तप से प्राप्त की है।

रविवार को आयोजित कार्यक्रम में उत्तराखंड संस्कृत विश्वविद्यालय के छात्रों ने मुख्य अतिथियों के सामने विभिन्न यौगिक मुद्राएं कर दर्शकों की जमकर तालियां बटोरीं। इसके बाद विश्वविद्यालय के दीपांशु और नितिन ने वस्त्रद्योती कर 22 फीट के कपड़े को मात्र 15 सेकेंड में हैरतंगेज कारनामा किया। पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि योग की शक्ति से ही हम भारत को विश्व गुरु बना सकते हैं। आज विश्व में फैल रही वैश्विक बीमारियों से हमें योग ही बच सकता है। वह खुद जब कोरोना संक्रमित हुए तो उन्होंने भी योग का सहारा लिया। नित्य प्रणायाम कर उन्हें बीमारी से उबरने में काफी मदद मिली।

वन मंत्री हरक सिंह रावत ने कहा कि योग अब देवभूमि उत्तराखंड से पूरी दुनिया में आम लोगों की दिनचर्या का हिस्सा बन गया है। पश्चिमी देशों ने भी योग के महत्व को स्वीकार करते हुए योग को अपनाया है। यही वजह है कि 21 जून को पूरा विश्व अंतरराष्ट्रीय योग दिवस मना रहा है। विधान सभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल ने कहा कि ऋषिकेश योग की धरती है और यहां से बहती हुई गंगा की तरह योग पूरी दुनिया में प्रवाहित हो रहा है। इससे पूर्व प्रात:कालीन संध्या और दोपहर में भोजनावकाश से पूर्व कई यौगिक सत्रों का आयोजन किया गया। इस दौरान समारोह में शामिल होने आए योग साधकों में मां गंगा के तट पर विभिन्न योगिक क्रियाएं कर फोटो और वीडियो सूट की भी होड़ लगी रही।
इस मौके पर बोसनियां के उच्चायुक्त मोहम्मद शिनजिक, नोर्थ मेसोडोनिया के राजदूत नेहथ ईमिनी, फिजी के उच्चायुक्त कमलेश शशि प्रकाश और त्रिनिदाद एंड टैबगो के राजदूत डॉ. रोजर गोपाल ने भी योग, गंगा और उत्तराखंड की संस्कृति पर अपने विचार व्यक्त किए।

इस मौके पर नगर निगम मेयर अनिता ममगाईं, सचिव पर्यटन दिलीप जावलकार, डीएम टिहरी ईवा आषीष श्रीवास्तव, गढ़वाल मंडल विकास निगम के प्रबंध निदेशक आशीष चौहान, टिहरी एसएसपी तृप्ति भट्ट, महाप्रबंधक (पर्यटन), जितेंद्र कुमार, महाप्रबंधक (प्रशासन) अवधेष कुमार सिंह, महाप्रबंधक (वित्त) अभिषेक कुमार आनंद, नरेंद्रनगर उपजिलाधिकारी युक्ता मिश्रा आदि मौजूद थे।

राज्यपाल ने दिया स्मृति चिह्न
जीएमवीएन के योग महोत्सव में अपना सहयोग देने पर राज्यपाल बेबी रानी मौर्य ने उत्तराखंड संस्कृत विश्व विद्यालय के प्रोफेसर डा. लक्ष्मी नारायण जोशी, श्री हेमकुंड गुरुद्वारा के व्यवस्थापक दर्शन सिंह और स्वामी नारायण आश्रम के स्वामी सुनील भगत को स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया।

[ad id=’11174′]

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here