मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी चारधाम यात्रा की तैयारियों की 21 फरवरी को समीक्षा करेंगे। बैठक में पर्यटन समेत अन्य विभागों के अधिकारियों की ओर से तैयारियों का प्रस्तुतिकरण दिया जाएगा।

बदरीनाथ, केदारनाथ धाम की कपाट खुलने की तिथि तय होने के बाद मुख्यमंत्री धामी चारधाम यात्रा की तैयारियों को लेकर पहली बैठक लेंगे। जिसमें यात्रा को सुगम बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण फैसले होने की संभावना है।

इस बार चारधाम यात्रा की शुरुआत 22 अप्रैल से होगी। देश-दुनिया से आने वाले तीर्थयात्रियों की यात्रा को सुगम बनाने के लिए सरकार तैयारियों में जुटी है।

सरकार को उम्मीद है कि चारधाम यात्रा में आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या एक नया रिकॉर्ड बनाएगी। कोविड महामारी के दो साल बाद बीते वर्ष चारधाम यात्रा में 45 लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने बदरीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री व यमुनोत्री और हेमकुंड साहिब के दर्शन किए थे।

बदरीनाथ और केदारनाथ धाम के कपाट खुलने की तिथि तय हो गई है। बदरीनाथ के 27 अप्रैल और केदारनाथ धाम के कपाट 25 अप्रैल को खुलेंगे जबकि परंपरा के अनुसार 22 अप्रैल को अक्षय तृतीया के दिन गंगोत्री व यमुनोत्री धाम के कपाट खुलेंगे।

शुरुआत में ही धामों में उमड़ी भीड़ से इंतजाम भी कम पड़ गए थे। धामों में दर्शन के लिए मारामारी और केदारनाथ हेली सेवा के लिए श्रद्धालुओं को लंबा इंतजार करना पड़े।

बीते वर्ष की यात्रा के अनुभव को देखते हुए इस बार सरकार व्यवस्थाएं बना रही है। जिससे यात्रा सुगम हो सके।चारधाम यात्रा पंजीकरण के लिए 21 फरवरी से पर्यटन विभाग की वेबसाइट खुल जाएगी।